नवरात्र के पहले दिन कुट्टू का आटा खाने से मंडावली क्षेत्र में 30 से अधिक ग्रामीण बीमार
नवरात्र के पहले दिन मंडावली क्षेत्र में कुट्टू के आटे का सेवन करने के बाद सिकरौडा, खैरूल्लापुर और आसपास के गांवों के 30 से अधिक ग्रामीण अचानक बीमार पड़ गए। बीमारों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं।
🏥 उपचार व्यवस्था
- प्रभावित लोगों को तुरंत समीपुर स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और नज़दीकी निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया।
- डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच में इसे भोजन विषाक्तता (Food Poisoning) से जुड़ा मामला बताया।
- कई मरीजों को उल्टी, दस्त और पेट दर्द जैसी शिकायतें थीं।
🌾 संभावित कारण
- कुट्टू का आटा, जो नवरात्र व्रत में प्रमुख रूप से इस्तेमाल होता है, संभवतः दूषित या खराब हो गया था।
- स्वास्थ्य विभाग ने आटे के सैंपल लेकर जांच शुरू कर दी है।
👨👩👧 ग्रामीणों की स्थिति
- अधिकांश मरीजों की हालत स्थिर बताई जा रही है।
- कुछ गंभीर मरीजों को बेहतर इलाज के लिए रेफर किया गया।
- गांवों में स्वास्थ्य विभाग की टीम लगातार निगरानी कर रही है।
यह घटना ग्रामीण क्षेत्रों में खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता की गंभीरता को उजागर करती है। नवरात्र जैसे धार्मिक अवसरों पर बड़ी संख्या में लोग व्रत रखते हैं और विशेष खाद्य पदार्थों का सेवन करते हैं। ऐसे में खाद्य सामग्री की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देना आवश्यक है।







