फर्जी SMS फैक्ट्री का भंडाफोड़: CBI की बड़ी कार्रवाई, तीन आरोपी गिरफ्तार
साइबर ठगी के खिलाफ चल रहे अभियान में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। NCR और चंडीगढ़ क्षेत्र में सक्रिय एक संगठित गिरोह द्वारा संचालित फर्जी SMS भेजने वाली फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया गया है। इस कार्रवाई में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और भारी मात्रा में डिजिटल उपकरण, नकदी और क्रिप्टोकरेंसी जब्त की गई है।
🕵️♂️ गिरोह की कार्यप्रणाली
- गिरोह देशभर में लोगों को फर्जी डिजिटल अरेस्ट नोटिस, लोन ऑफर, निवेश योजनाओं और अन्य लालच भरे संदेश भेजकर ठगी करता था।
- इन संदेशों का उद्देश्य लोगों से उनकी निजी जानकारी और बैंकिंग डिटेल्स हासिल करना था।
- जांच में सामने आया कि इस नेटवर्क का इस्तेमाल कुछ विदेशी साइबर ठग भी भारतीय नागरिकों को धोखा देने के लिए कर रहे थे।
📱 21 हजार SIM कार्ड का दुरुपयोग
- जांच में खुलासा हुआ कि गिरोह ने दूरसंचार विभाग (DoT) के नियमों का उल्लंघन कर करीब 21,000 SIM कार्ड हासिल किए।
- इन SIM कार्ड्स को एक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से नियंत्रित किया जा रहा था।
- रोजाना लाखों फर्जी SMS भेजे जाते थे, जिससे हजारों लोग ठगी का शिकार हो सकते थे।
💰 छापेमारी में बरामदगी
CBI ने DoT और संचार साथी पोर्टल की जानकारी के आधार पर M/s Lord Mahavira Services India Pvt. Ltd. नामक कंपनी के खिलाफ केस दर्ज किया। दिल्ली, नोएडा और चंडीगढ़ में छापेमारी के दौरान बरामद हुआ:
- सर्वर और कम्युनिकेशन डिवाइस
- USB हब और डोंगल
- हजारों SIM कार्ड
- डिजिटल सबूत
- बेहिसाबी नकदी और क्रिप्टोकरेंसी
👮 गिरफ्तार आरोपी
CBI ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है:
- सोनवीर सिंह
- मनीष उप्रेती
- हिमालया
🔎 शुरुआती जांच के संकेत
CBI की शुरुआती जांच में यह भी सामने आया है कि कुछ टेलीकॉम कंपनियों के चैनल पार्टनर और कर्मचारी भी अवैध रूप से SIM कार्ड उपलब्ध कराने में शामिल हो सकते हैं। इस एंगल से जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है।





