गांधी जयंती के कार्यक्रम हर्षोल्लास और गरिमापूर्ण ढंग से आयोजित कराने के निर्देश
जिलाधिकारी उमेश प्रताप सिंह ने अधिकारियों के साथ की तैयारियों की समीक्षा, गांधी और शास्त्री जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने पर दिया जोर
बिजनौर, 28 सितंबर। आगामी 2 अक्टूबर को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर जिलेभर में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी उमेश प्रताप सिंह ने सोमवार को कलेक्ट्रेट स्थित महात्मा विदुर सभागार में संबंधित अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में राष्ट्रीय पर्व के आयोजन की रूपरेखा, कार्यक्रमों की व्यवस्थाओं और संबंधित विभागों की जिम्मेदारियों पर विस्तार से चर्चा की गई।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि 2 अक्टूबर के अवसर पर आयोजित होने वाले सभी कार्यक्रम पूर्ण उत्साह, हर्षोल्लास, अनुशासन और गरिमापूर्ण वातावरण में संपन्न कराए जाएं। उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री का जीवन देश के लिए प्रेरणादायी है। उनके विचारों, आदर्शों और देशसेवा की भावना को केवल समारोह तक सीमित न रखते हुए आमजन तक पहुंचाने के प्रयास किए जाने चाहिए।
गांधी जी और शास्त्री जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने पर जोर
समीक्षा बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकारियों से कहा कि जयंती कार्यक्रमों का उद्देश्य केवल औपचारिक आयोजन करना नहीं होना चाहिए, बल्कि महात्मा गांधी के सत्य, अहिंसा, स्वच्छता और सामाजिक सद्भाव जैसे विचारों तथा लाल बहादुर शास्त्री के सादगी, ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रसेवा के आदर्शों को लोगों तक पहुंचाना भी होना चाहिए।
उन्होंने निर्देश दिए कि विभिन्न विभाग अपने स्तर से ऐसे कार्यक्रम आयोजित करें, जिनके माध्यम से विशेष रूप से युवाओं और विद्यार्थियों को दोनों महापुरुषों के जीवन एवं योगदान के बारे में जानकारी मिल सके।
जिलेभर में गरिमापूर्ण आयोजन के निर्देश
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी सरकारी कार्यालयों, शिक्षण संस्थानों और अन्य निर्धारित स्थानों पर कार्यक्रमों की तैयारियां समय से पूरी कर ली जाएं। आयोजन स्थलों पर साफ-सफाई, आवश्यक व्यवस्थाओं और कार्यक्रमों के सुचारु संचालन पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि राष्ट्रीय पर्व की गरिमा के अनुरूप कार्यक्रमों का आयोजन किया जाए तथा इसमें अधिक से अधिक लोगों की सहभागिता सुनिश्चित करने का प्रयास किया जाए।
समीक्षा बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों से अपने-अपने दायित्वों का समयबद्ध तरीके से निर्वहन करने और 2 अक्टूबर के सभी कार्यक्रमों को व्यवस्थित एवं गरिमापूर्ण ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए।









