यूपी बीजेपी के नए प्रदेश अध्यक्ष बने पंकज चौधरी, पद संभालते ही दिया बड़ा बयान

भारतीय जनता पार्टी ने उत्तर प्रदेश में अपने नए प्रदेश अध्यक्ष के रूप में केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी के नाम की घोषणा कर दी है। उनके निर्वाचन का औपचारिक ऐलान केंद्रीय चुनाव अधिकारी और केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और केशव प्रसाद मौर्य, केंद्रीय चुनाव अधिकारी के. लक्ष्मण, कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, विधान परिषद सदस्य तारिक मंसूर सहित पार्टी के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।

घोषणा के बाद निवर्तमान प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी ने पंकज चौधरी को पार्टी का ध्वज सौंपा, जबकि पीयूष गोयल ने उन्हें निर्वाचन प्रमाणपत्र प्रदान किया।

“संगठन और कार्यकर्ता सर्वोपरि”—पंकज चौधरी का पहला बयान

प्रदेश अध्यक्ष चुने जाने के बाद पंकज चौधरी ने कहा कि उनके लिए संगठन और पार्टी कार्यकर्ता सबसे ऊपर हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह अपने नेतृत्व के मूल मंत्र—संगठन, संपर्क, संवाद और समन्वय—के आधार पर पार्टी को और मजबूत बनाने की दिशा में काम करेंगे।

“न महाराजगंज छोड़ा, न भाजपा”—राजनीतिक सफर पर भावुक हुए चौधरी

अपने राजनीतिक जीवन को याद करते हुए उन्होंने कहा:

  • 1991 में 26 वर्ष की उम्र में उन्हें पहली बार महाराजगंज से लोकसभा चुनाव लड़ने का अवसर मिला।
  • तब से लेकर 2024 तक उन्होंने न तो अपना संसदीय क्षेत्र बदला और न ही पार्टी।
  • उन्हें एक ही क्षेत्र से सात बार सांसद चुने जाने का सौभाग्य मिला, जिसे उन्होंने भाजपा संगठन और महाराजगंज की जनता की मेहनत का परिणाम बताया।

नई जिम्मेदारी को बताया “गंभीर और चुनौतीपूर्ण”

पंकज चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा उन्हें वित्त राज्य मंत्री का दायित्व सौंपा गया, जिसे वह निष्ठा से निभा रहे हैं। लेकिन प्रदेश अध्यक्ष का पद उनकी अब तक की सभी जिम्मेदारियों से अधिक गंभीर और चुनौतीपूर्ण है।

उन्होंने भरोसा जताया कि—

  • उत्तर प्रदेश के समर्पित कार्यकर्ताओं का प्रेम और सहयोग उन्हें इस दायित्व को सफलतापूर्वक निभाने में मदद करेगा।
  • 1980 से अब तक पार्टी को मजबूत बनाने वाले 15 पूर्व प्रदेश अध्यक्षों के अनुभवों से वह सीखने का प्रयास करेंगे।

“योजना बनाकर आगे बढ़ेगी पार्टी”—मीडिया से बातचीत

कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि—

  • पार्टी ने उन्हें बहुत बड़ी जिम्मेदारी दी है।
  • वह कार्यकर्ताओं और नेताओं के साथ बैठकर रणनीति तैयार करेंगे कि संगठन को और कैसे आगे बढ़ाया जाए।
  • भाजपा किसी एक चुनाव के लिए नहीं, बल्कि निरंतर कार्य करने वाली पार्टी है।