थाने में टैंट लगाकर चल रहा धरना पुलिस अधिकारियों ने समाप्त कराया, छात्रा की बरामदगी के लिये पुलिस ने मांगा दो दिन का समय
रास्ता जाम करने की अफवाह पर सतर्क हुई पुलिस, जगह-जगह किया गया पुलिस बल तैनात
बिजनौर (चिंगारी)। रहस्यमय ढंग से लापता हुई छात्रा की बरामदगी की मांग को लेकर थाना कोतवाली शहर बिजनौर में चल रहा किसानों का धरना रात के अंधेरे में पुलिस अधिकारियों से हुई तीखी नोक-झोंक के बाद समाप्त हो गया। भारतीय किसान यूनियन के मण्डल अध्यक्ष दयाराम सिंह के अनुसार पुलिस अधिकारियों ने छात्रा की बरामदगी के लिये दो दिन का समय मांगा है। थाने में टैंट लगाकर धरना दे रहे किसान व छात्रा के परिजन धरना समाप्त करने को राजी नहीं थे। उनकी पुलिस अधिकारियों से तीखी नोक-झोंक हुई। एक तरफ पुलिस अधिकारियों के धरने पर बैठे लोगों से नोक-झोंक हो रही थी तो दूसरी तरफ पुलिसकर्मी चुपचाप टैंट उखाडऩे में लगे हुये थे।
उल्लेखनीय है कि जिला मुख्यालय से सटे एक गांव की लडक़ी कक्षा 9 में बिजनौर के एक कॉलेज में पढ़ती है। रोज की तरह वह 15 नवंबर को घर से कॉलेज जाने के लिये निकली थी। उसके बाद से वह घर नहीं लौटी। छात्रा का पता लगाने के लिये पिछले 5 दिन से उसके परिजन, ग्रामीण व भारतीय किसान यूनियन प्रधान के पदाधिकारी थाना कोतवाली शहर बिजनौर में बाकायदा टेंट लगाकर धरना दे रहे थे। कल शाम शिवसेना के जिला प्रमुख चौ. वीर सिंह धरने पर बैठे लोगों को समर्थन देने के लिये थाने पहुंचे थे। बताया जाता है कि वहां उन्होंने जोशीली बातें की थीं।
रात्रि करीब ढाई-तीन बजे एएसपी देहात व सीओ सिटी संग्राम सिंह थाने पहुंचे और लोगों से धरना समाप्त करने का आह्वान किया। एएसपी सिटी ने कहा कि वे इस तरह थाने में टैंट लगाकर धरना नहीं दे सकते। लापता छात्रा की मां व धरने पर बैठे अन्य लोगों की एएसपी देहात से तीखी नोक-झोंक हुई। एक तरफ अधिकारी लोगों से बात करते रहे, दूसरी तरफ कुछ पुलिसकर्मी टैंट उखाडऩे मेें लगे रहे। काफी देर तक हुई नोक-झोंक के बाद पुलिस अधिकारियों ने धरने पर बैठे लोगों को दो दिन का समय लेकर धरना समाप्त करने को राजी कर लिया। भाकियू प्रधान के मण्डल अध्यक्ष दयाराम सिंह ने बताया कि पुलिस अधिकारियों ने लडक़ी के परिजनों को संतुष्ट कर धरना समाप्त कराया है। पुलिस ने कोई जोर जबर्दस्ती नहीं की। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि छात्रा की बरामदगी के लिये पुलिस की कई टीमें लगी हुई हैं। शीघ्र ही छात्रा को बरामद कर लिया जायेगा।
नहीं की थी जाम लगाने की घोषणा
थाने से धरना समाप्त होने के बाद ये अफवाह न जाने कैसे उड़ गई कि किसान शनिवार को जिला मुख्यालय पर रास्ता जाम करेंगे। इस अफवाह के फैलते ही पुलिस सतर्क हो गई। आज सुबह जगह-जगह पुलिस बल तैनात कर दिया गया। किसान नेताओं पर पुलिस नजर रखे रही। भाकियू प्रधान के चांदपुर क्षेत्र के ब्लॉक अध्यक्ष गुरमीत सिंह को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। स्थिति क्लीयर होने पर ही पुलिस ने गुरमीत सिंह को छोड़ा। शिवसेना के जिला प्रमुख चौ. वीर सिंह व उनके कई साथियों को भी पुलिस ने हाउस अरेस्ट कर लिया। भाकियू प्रधान के मण्डल अध्यक्ष दयाराम सिंह ने बताया कि उनके संगठन की ओर से जाम लगाने की कोई घोषणा नहीं की थी। न जाने ये अफवाह कैसे उड़ी। उन्होंने कहा कि जब पुलिस ने छात्रा की बरामदगी के लिये दो दिन का समय मांगा है तो भला हम जाम लगाने की घोषणा क्यों करते। उन्होंने ये भी कहा कि पुलिस ने धरना समाप्त करने के लिये छात्रा के परिजनों को राजी किया था। उनकी ही मर्जी से धरना समाप्त किया गया है।





