रूस ने किया Poseidon परमाणु ड्रोन का सफल परीक्षण: सरमत मिसाइल से भी ज्यादा खतरनाक

रूस ने हाल ही में एक अत्याधुनिक परमाणु ऊर्जा से संचालित पानी के नीचे चलने वाले ड्रोन “Poseidon” का सफल परीक्षण किया है, जिसे दुनिया के सबसे खतरनाक हथियारों में गिना जा रहा है। राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने इस परीक्षण को रूस की तकनीकी क्षमता का प्रमाण बताया और कहा कि इसकी शक्ति देश की इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल “सरमत” से कहीं अधिक है।

🚀 Poseidon की विशेषताएं

  • परमाणु ऊर्जा से संचालित: यह ड्रोन एक मिनी न्यूक्लियर रिएक्टर से चलता है, जो इसे हजारों किलोमीटर तक चलने की क्षमता देता है।
  • स्वायत्त संचालन: Poseidon पूरी तरह से स्वायत्त है और पनडुब्बी से लॉन्च किया जा सकता है।
  • अत्यधिक विस्फोटक क्षमता: इसमें 100 मेगाटन का परमाणु वारहेड लगाया जा सकता है, जो हिरोशिमा बम से हजारों गुना अधिक शक्तिशाली है।
  • गहराई और गति में अद्वितीय: यह ड्रोन समुद्र की 1,000 मीटर से अधिक गहराई में चल सकता है और पारंपरिक रक्षा प्रणालियों को चकमा देने में सक्षम है।
  • रेडियोधर्मी सुनामी का खतरा: इसका उद्देश्य तटीय शहरों में रेडियोधर्मी सुनामी उत्पन्न करना है, जिससे प्रभावित क्षेत्र वर्षों तक निर्जन हो सकते हैं।

🌍 वैश्विक प्रतिक्रिया

इस परीक्षण ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ा दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह हथियार परमाणु अप्रसार संधियों को चुनौती दे सकता है और वैश्विक सुरक्षा संतुलन को अस्थिर कर सकता है। यह परीक्षण ऐसे समय पर हुआ है जब रूस यूक्रेन में सैन्य अभियान चला रहा है, जिससे इसे एक रणनीतिक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।

🧠 निष्कर्ष

Poseidon ड्रोन रूस की सैन्य रणनीति में एक बड़ा कदम है। इसकी तकनीकी और विनाशकारी क्षमता इसे एक ऐसा हथियार बनाती है, जिसका मुकाबला वर्तमान में कोई देश नहीं कर सकता। यह भविष्य की परमाणु शक्ति संतुलन को बदलने की क्षमता रखता है।