Budget 2026: क्या सस्ता और क्या महंगा हुआ?
भारत की वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में अपना 9वां और मोदी सरकार का 15वां बजट पेश किया। हर साल की तरह इस बार भी आम जनता की निगाहें इस बजट पर टिकी थीं। लोगों की सबसे बड़ी जिज्ञासा यही रहती है कि बजट के बाद उनकी जेब पर क्या असर पड़ेगा—कौन-सी चीजें सस्ती होंगी और किन पर ज्यादा खर्च करना पड़ेगा।
इस बार के बजट में सरकार ने कई अहम घोषणाएँ की हैं। कुछ रोज़मर्रा की ज़रूरतों से जुड़ी वस्तुएँ सस्ती हुई हैं, तो कुछ चीज़ें महंगी हो गई हैं। आइए विस्तार से जानते हैं।
सस्ता क्या हुआ?
1. खेल-कूद के सामान
- बजट 2026 में खेल-कूद से जुड़े सामानों पर कर में कटौती की गई है।
- इसका सीधा असर यह होगा कि क्रिकेट, फुटबॉल, बैडमिंटन, टेनिस जैसे खेलों के उपकरण अब कम कीमत पर उपलब्ध होंगे।
- सरकार का मानना है कि इससे युवाओं में खेलों की भागीदारी बढ़ेगी और खेल उद्योग को भी प्रोत्साहन मिलेगा।
2. दवाइयाँ
- स्वास्थ्य क्षेत्र को राहत देते हुए वित्त मंत्री ने घोषणा की कि कैंसर की 17 दवाइयाँ और 7 गंभीर बीमारियों की दवाइयाँ सस्ती होंगी।
- इसके अलावा शुगर की दवाइयों की कीमत भी घटेगी।
- यह कदम आम जनता के लिए बड़ी राहत है क्योंकि गंभीर बीमारियों का इलाज अक्सर महंगा पड़ता है।
3. बीड़ी
- सिगरेट की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है, लेकिन बीड़ी सस्ती हो गई है।
- ग्रामीण और निम्न आय वर्ग के लोगों के लिए यह बदलाव महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
4. लेदर प्रोडक्ट्स
- चमड़े के जूते और अन्य लेदर उत्पादों पर कर घटाया गया है।
- इससे फुटवियर उद्योग को बढ़ावा मिलेगा और उपभोक्ताओं को सस्ते विकल्प मिलेंगे।
5. मोबाइल फोन और EV बैटरी
- मोबाइल फोन अब सस्ते होंगे।
- इलेक्ट्रिक वाहनों की बैटरी पर भी कर में राहत दी गई है।
- यह कदम डिजिटल इंडिया और ग्रीन एनर्जी मिशन को आगे बढ़ाने वाला है।
6. बायोगैस मिक्स्ड CNG
- सरकार ने पर्यावरण-अनुकूल ईंधन को बढ़ावा देने के लिए बायोगैस मिश्रित CNG को सस्ता किया है।
- इससे परिवहन क्षेत्र में लागत घटेगी और प्रदूषण कम होगा।
7. इलेक्ट्रिक प्रोडक्ट्स
- माइक्रोवेव ओवन की कीमतें घटेंगी।
- घरेलू उपभोक्ताओं के लिए यह राहत का कदम है।
8. सोलर उत्पाद
- सोलर पैनल और अन्य सौर ऊर्जा से जुड़े उपकरण सस्ते होंगे।
- सरकार का लक्ष्य है कि अधिक से अधिक लोग नवीकरणीय ऊर्जा का उपयोग करें।
9. कपड़े
- कपड़ों पर कर में कटौती की गई है।
- इससे फैशन और टेक्सटाइल उद्योग को बढ़ावा मिलेगा और आम उपभोक्ता को राहत मिलेगी।
महंगा क्या हुआ?
1. शराब
- शराब पर कर बढ़ा दिया गया है।
- इसका सीधा असर उपभोक्ताओं पर पड़ेगा और शराब महंगी हो जाएगी।
- सरकार का उद्देश्य राजस्व बढ़ाना और शराब की खपत को नियंत्रित करना है।
2. स्क्रैप और खनिज
- स्क्रैप और खनिज महंगे हो गए हैं।
- इससे निर्माण और औद्योगिक क्षेत्र में लागत बढ़ सकती है।
3. फ्यूचर ऑप्शन ट्रेडिंग
- वित्तीय बाजार में फ्यूचर ऑप्शन ट्रेडिंग महंगी हो गई है।
- इसका असर निवेशकों और ट्रेडर्स पर पड़ेगा।
आम आदमी पर असर
- राहत: दवाइयाँ, कपड़े, मोबाइल फोन, EV बैटरी, खेल-कूद के सामान और घरेलू इलेक्ट्रॉनिक उत्पाद सस्ते होने से आम आदमी की जेब पर बोझ कम होगा।
- चुनौती: शराब, स्क्रैप और खनिज महंगे होने से कुछ सेक्टरों में लागत बढ़ेगी।
निष्कर्ष
बजट 2026 को संतुलित बजट कहा जा सकता है। सरकार ने एक ओर आम जनता को राहत देने के लिए रोज़मर्रा की ज़रूरतों से जुड़ी वस्तुओं को सस्ता किया है, वहीं राजस्व बढ़ाने के लिए शराब और ट्रेडिंग जैसे क्षेत्रों पर कर बढ़ाया है।
यह बजट स्वास्थ्य, खेल, डिजिटल और ग्रीन एनर्जी सेक्टर को प्रोत्साहन देने वाला है। आम आदमी को दवाइयों और कपड़ों जैसी ज़रूरी चीज़ों में राहत मिलेगी, जबकि शराब और औद्योगिक उत्पादों पर खर्च बढ़ेगा।








